Manthan

38 Posts

222 comments

Reader Blogs are not moderated, Jagran is not responsible for the views, opinions and content posted by the readers.
blogid : 17717 postid : 716281

"चेले "अन्ना के

Posted On: 12 Mar, 2014 Others में

  • SocialTwist Tell-a-Friend

दीदी और “आप ” श्री गुरू  बहिन  और भाई

जानें सरकारें  उखाड़ना  कुर्सी पकड़ दिखाई

राज काज आता नहीं दोनों टाट खुजाये

आगे क्या करना है कुछ भी समझ न पायें

अपनी अपनी सी ० एम् ० की कुर्सी करी निहाल

आँखे पी ० एम् ० सीट पर लगी, अब करें देश बेहाल

जो सड़कों पर उतरते” इंकलाब”के नाम

राज चलाना है  नहीं अराजकों का काम

भीड़ जुटी ना दिल्ली में ढूढें दूरबीन लगाय

किया जो होता काम बंगाल में तो भीड़ स्वयं ही आये          DR Ashok Bhardwaj

Rate this Article:

1 Star2 Stars3 Stars4 Stars5 Stars (3 votes, average: 4.00 out of 5)
Loading ... Loading ...

7 प्रतिक्रिया

  • SocialTwist Tell-a-Friend

Post a Comment

CAPTCHA Image
*

Reset

नवीनतम प्रतिक्रियाएंLatest Comments

Ashutosh के द्वारा
March 12, 2014

भूत बढ़िया लिखा है आपने!\

drashok के द्वारा
March 13, 2014

thank you for your comment shobha

Jacoby के द्वारा
October 17, 2016

Cocks are dirnfeeft, they should be very pleased to see hens and will usually settle in very quickly (if they are mature enough). Sometimes the top hen will argue a little but usually backs down.


topic of the week



latest from jagran